The Secret : key of Success

The secret के बारे में आपने बोहोत सुना होगा ,सुन के अच्छा भी लगा होगा ,कुछ बाते समज में भी आई होगी ,आपके नॉलेज का हिस्सा भी बना होगा। फिर भी आपकी जिंदगी पहले की तरह रेंगती ही होगी , आपकी जिंदगी में कोई भी बदलाव नहीं आया होगा। आप इस ब्लॉग में कई जानकारी वाली बाते जानेगे। पर इस ब्लॉग में आपको the secret को मैडिटेशन से जोड़कर कुछ बाते बताई जाएगी।

हमें पहले ये समजना है की the secret क्या है।

सारा अस्तित्व एक द्वंदात्मक प्रकृति का खेल है। इसे आपको समजना होगा अगर आप इस बात को समज लेते हे, तो प्रकृति आपके लिए जादुई छड़ी की तरह काम करती है , जैसे कोई जादुई छड़ी घुमाने पर मनचाहा मिल जाता है ठीक वैसे ही प्रकृति आपको वो सब देती है। आप ये सोचते है की क्यू मेरे साथ ऐसा हो रहा है ,या क्यू ये सब हुआ ,या हम खुश नहीं है। हम ऐसा बोहोत कुछ सोचते है। पर आपको एक बात ये समज लेनी है की आपके साथ जो भी हो रहा है, या हुआ है, वो आपकी वजह से ही हो रहा है, क्यू की हम अपनी दुनिया खुद बनाते है।

आप conscious mind और unconscious mind को जानते हो। जो भी हमारे अचेतन मन में है ,वही हमारे साथ हो रहा है पर जो हमारा unconscious माइंड या अचेतन मन है। वहा तो हम ने कचरा भर के रखा है। जो विचार कचरे की तरफ है वो बिना रुके हमारे अचेतन मन में इक्कठे हो रहे है ,और हमें पता भी नहीं। अचेतन मन में क्या जमा हो रहा है वो तो हमें पता तक नहीं है। हम सिर्फ conscious mind को ही जानते है।

The secret को समजना मतलब वो बात को समजना की ,उसके पीछे कोन सी प्रक्रिया शामिल है। आप मैडिटेशन की विधि से ये सब जान सकोगे। आपको जो बनना है। वो आप बन सकोगे ,आपको जो करना है वो आप कर पाओगे, वो भी पुरे कॉन्ससियस हो के। आप अपने अचेतन का कचरा निकाल के ,और आपको जो भी चाहिए वो विचार को अचेतन में भर पाओगे।। कुछ समय बाद आपको इसके चौकाने वाले परिणाम मिलेंगे। और यह वास्तविकता है। की इस के परिणाम मिलते ही है। तो हम इसकी प्रक्रिया और इसकी विधि को समजने की कोशिस करेंगे।

सब से पहले ये सोच ले की आपको क्या बनना है ,या फिर आपको क्या चाहिए ,और हा एक अच्छी नियत से कुछ अच्छा बनना या, कुछ अच्छा पाने की बात ही सोचिये क्यू की प्रकृति अक्सर अच्छी बातो का साथ ही देती है। तो पहले आप ये सोचेंगे की आपको क्या बनना है। या आपको क्या चाहिए। या अपने आपको….आप क्या देखना चाहते हो.ये प्रक्रिया एक मैडिटेशन का हिस्सा है। जो लगातार आपको ३ महीने तक करना होता है। ये मैडिटेशन सोने के वक्त किया जाता है। क्युकी जब हम सोते है तो हम अचेतन मन तक आसानी से पोहोच सकते है।

जब आप रात को सोने के लिए बिस्तर पर लेटे है। और नींद गहरी हो रही है। तभी ये मैडिटेशन करेंगे।

आपको ये मैडिटेशन ही विधि को समझना होगा। आसान सी प्रक्रिया है।

आप जब सोने के लिए लेटे हुए हो,तभी आप को अपने श्वाश को पूरी तरीके से बहार निकाल देना है। इस विधि में आप पूरी तरीके से श्वाश को बहार निकाल देंगे। अपना मुँह और नाक पूरी तरह से बंध रखेंगे। सरलता के लिए अपना हाथ मुँह पर रखे। अब आपको शरीर में श्वाश न होने के कारन घबराहट होगी पर आपको डरना नहीं है। अब जो आपको बनाना है, या फिर जो आपको चाहिए या आपने जो सकल्प किया है। वही आपको ५ बार मन ही मन दोहराना है। इस के बाद आपको आराम से श्वाश लेनी है। आराम से इस प्रक्रिया को करना है ये आप ५ बार विधि करेंगे।

फिर से आपको समजा दे की ,आपको ये कैसे करनी है। आप जब सोने जाये तब अपने श्वाश को पूरी तरफ से शरीर के बहार निकाल दे.. आपको मुँह और नाक को बंद रखने है। और अपनी संकल्प को ५ बार मन ही मन बोलना है। उसके बाद श्वास आराम से ले ऐसे आपको और ५ बार इस विधि को करना है।

आपको विधि समज में आई होगी। तो अब आप ये समजे की जभी आप अपनी श्वाश को शरीर में नहीं रहने देते। वही समय आपके unconscious mind या अचेतन मन का द्वार खुलता है। और आपका संदेश उस तक पोहोचता है। जो पूरी रात प्लान्ट होता है। फिर आपके साथ होगा वो जो आपके अचेतन मन में है। वही जो आप चाहते हो। आप इस प्रक्रिया को जरूर करे ,आपको ये विधि आसान भी लगेगी और एसा करने के बाद, आपको अपनी जिंदगी में फर्क मिलेगा।

इस बारेमे किसी भी समस्या के लिए आप हमें comment या email भी कर सकते है।

Spread the love
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

2 thoughts on “The Secret : key of Success

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *